स्‍पष्‍टीकरण-3

संख्‍या-वे.आ.-2-2118/दस-62(एम)/2008

प्रेषक,

वृन्‍दा सरूप,

प्रमुख सचिव, वित्‍त,

उत्‍तर प्रदेश शासन।

सेवा में,

(1) समस्‍त प्रमुख सचिव/सचिव, उत्‍तर प्रदेश शासन।

(2) समस्‍त विभागाध्‍यक्ष एवं प्रमुख कार्यालयाध्‍यक्ष, उत्‍तर प्रदेश।

वित्‍त (वेतन आयोग) अनुभाग-2                               लखनऊ : दिनांक : 22 दिसम्‍बर, 2011

विषय:- वेतन समिति (2008) की संस्‍तुतियों पर लिये गये निर्णयानुसार राज्‍य कर्मचारियों के लिये सुनिश्‍चित कैरियर प्रोन्‍नयन (ए.सी.पी.) की व्‍यवस्‍था के सम्‍बन्‍ध में स्‍पष्‍टीकरण।

महोदय,

    वेतन समिति (2008) की संस्‍तुतियों पर राज्‍य सरकार द्वारा प्रदेश के विभिन्‍न वर्गों के कर्मचारियों के लिये पुनरीक्षित वेतन संरचना में समयमान वेतनमान/ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था, शासनादेश संख्‍या-वे.आ.-2-561/दस-62(एम)2008 दिनांक 04 मई, 2010 द्वारा करते हुए कतिपय बिन्‍दुओं को स्‍पष्‍ट करने हेतु शासनादेश संख्‍या-वे.आ.-2-3012/दस-62(एम)/2008 दिनांक 29 सितम्‍बर, 2010 एवं शासनादेश संख्‍या-वे.आ.-2-798/दस-62(एम)/2008 दिनांक 30 मई, 2011 निर्गत किया गया है। उक्‍त शासनादेशों द्वारा की गई व्‍यवस्‍था में ऐसे कार्मिक जो समयमान वेतनमान की पूर्व व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत कोई लाभ वैयक्‍तिक रूप से प्राप्‍त कर रहे हैं, उनमें से पुनरीक्षित वेतन संरचना में ग्रेड वेतन रू. 5400 से निम्‍न ग्रेड वेतन वाले पदों के पदधारकों (अपुनरीक्षित वेतनमान रू. 8000-13500 से निम्‍न वेतनमान) को मिल चुके लाभ को समायोजित करते हुए ए.सी.पी. की नई व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत दिनांक 01 दिसम्‍बर 2008 अथवा उसके उपरान्‍त देय लाभ की अनुमन्‍यता के सम्‍बन्‍ध में स्‍पष्‍ट प्रावधान शासनादेश दिनांक 04 मई 2010 के प्रस्‍तर-3 में इंगित है, परन्‍तु ग्रेड वेतन रू. 5400 एवं इससे उच्‍च ग्रेड वेतन के पदों के पदधारकों के लिये स्‍पष्‍ट व्‍यवस्‍था/प्रावधानों का उल्‍लेख न होने के कारण स्‍वीकर्ता अधिकारियों द्वारा इनके लिये ए.सी.पी. की नई व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत दिनांक 01 दिसम्‍बर 2008 अथवा उसके उपरान्‍त देय लाभ की अनुमन्‍यता के सम्‍बन्‍ध में स्‍पष्‍टीकरण निर्गत किये जाने की अपेक्षा की जा रही है।

      उपर्युक्‍त के अतिरिक्‍त संवर्ग में वरिष्‍ठ कर्मचारी को पदोन्‍नति पर प्राप्‍त होने वाला वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत किसी कनिष्‍ठ कर्मचारी को प्राप्‍त हो रहे वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन से निम्‍न होने की स्‍थिति में, वरिष्‍ठ कार्मिक को कनिष्‍ठ के समान वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन कनिष्‍ठ को देय तिथि से अनुमन्‍य कराये जाने की व्‍यवस्‍था किये जाने हेतु स्‍पष्‍टीकरण निर्गत किया जाना है।

2.    उक्‍त संदभर् में ऐसे पद/संवर्ग, जिनके लिये समयमान वेतनमान की सामान्‍य अथवा कोई विशिष्‍ट व्‍यवस्‍था लागू रही हो, के लिये पुनरीक्षित वेतन संरचना में ग्रेड वेतन रू. 5400 एवं इससे उच्‍च ग्रेड वेतन वाले पदों के पदधारकों को ए.सी.पी. की नई व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत दिनांक 01 दिसम्‍बर 2008 अथवा उसके उपरान्‍त देय लाभ की अनुमन्‍यता के सम्‍बन्‍ध में निम्‍नानुसार स्‍थिति स्‍पष्‍ट की जा रही है:-

(क) पुनरीक्षित वेतन संरचना में दिनांक 01 दिसम्‍बर, 2008 को यदि कोई कर्मचारी धारित पद के साधारण वेतनमान में है, (चाहे वह सीधी भर्ती द्वारा अथवा एक या एक से अधिक पदोन्‍नतियाँ प्राप्‍त कर उक्‍त धारित पद पर नियुक्‍त हुआ हो अथवा उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान प्राप्‍त करने के उपरान्‍त उसी वेतनमान के पद पर पदोन्‍नत होकर तैनात हो), को ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत अर्हकारी सेवा की गणना उक्‍त पद धारित करने की तिथि से करते हुए शासनादेश दिनांक 04 मई, 2010 के प्रस्‍तर-1 की यथासंशोधित व्‍यवस्‍था के अनुसार वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन के लाभ अनुमन्‍य होंगे।

(ख) ऐसे पदधारक, जो दिनांक 01 दिसम्‍बर, 2008 को समयमान वेतनमान की पूर्व व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत धारित पद से उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान में कार्यरत हैं, उन्‍हें निम्‍नानुसार ए.सी.पी. के लाभ देय होंगे:-

(1) पुनरीक्षित वेतन संरचना में ग्रेड वेतन रू. 5400 अथवा इससे उच्‍च ग्रेड वेतन के ऐसे कार्मिक, जिन्‍हें समयमान वेतनमान की पूर्व व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत निर्धारित समयावधि (08 वर्ष/अभियंत्रण एवं कतिपय विशिष्‍ट संवर्ग के लिये 05 वर्ष/कतिपय मामलों में 06 वर्ष ) की सेवा पर दिनांक 01 दिसम्‍बर, 2008 के पूर्व प्रथम उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान अनुमन्‍य हो चुका हो, उन्‍हें वैयक्‍तिक रूप से अनुमन्‍य ग्रेड वेतन में न्‍यूनतम 06 वर्ष की सेवा सहित कुल 16 वर्ष की संतोषजनक सेवा पूर्ण होने की तिथि अथवा दिनांक 01 दिसम्‍बर 2008 जो भी बाद में हो, से द्वितीय वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन के रूप में प्रथम उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान के सादृश्‍य प्राप्‍त हो रहे ग्रेड वेतन से अगला उच्‍च ग्रेड वेतन इस प्रतिबन्‍ध के अधीन अनुमन्‍य होगा कि संबंधित कार्मिक अनुमन्‍यता की तिथि तक वास्‍तविक रूप से धारित पद से किसी पद पर पदोन्‍नत न हुआ हो। सेवा अवधि की गणना उस पद पर नियुक्‍ति की तिथि से की जायेगी, जिस पद के संदभर् में प्रथम उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान अनुमन्‍य कराया गया था।

(2) पुनरीक्षित वेतन संरचना में ग्रेड वेतन रू.5400 अथवा इससे उच्‍च ग्रेड वेतन के ऐसे कार्मिक, जिन्‍हें समयमान वेतनमान की पूर्व व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत निर्धारित समयावधि (14 वर्ष/अभियंत्रण एवं कतिपय विशिष्‍ट संवर्गों के लिये 12/ 16/ 18 वर्ष ) की सेवा पर दिनांक 01 दिसम्‍बर 2008 के पूर्व द्वितीय उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान अनुमन्‍य हो चुका हो, उन्‍हें कुल 26 वर्ष की संतोषजनक सेवा पूर्ण होने की तिथि अथवा दिनांक 01 दिसम्‍बर 2008 जो भी बाद में हो, से द्वितीय उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान के सादृश्‍य प्राप्‍त हो रहे ग्रेड वेतन से अगला उच्‍च ग्रेड वेतन इस प्रतिबन्‍ध के अधीन अनुमन्‍य होगा कि सम्‍बन्‍धित कार्मिक अनुमन्‍यता की तिथि तक उस धारित पद से किसी पद पर पदोन्‍नत न हुआ हो, जिस पर रहते हुए उसे द्वितीय उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान अनुमन्‍य हुआ हो। सेवा अवधि की गणना उस पद पर नियुक्‍ति की तिथि से की जायेगी, जिस पद के संदभर् में द्वितीय उच्‍च वैयक्‍तिक वेतनमान अनुमन्‍य कराया गया था।

(ग) ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था लागू होने के पश्‍चात् सीधी भर्ती के किसी पद पर प्रथम नियुक्‍ति की तिथि से तीन वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन अथवा तीन पदोन्‍नतियां प्राप्‍त होने के पश्‍चात किसी भी दशा में आगे वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन का लाभ देय नहीं है। उक्‍त व्‍यवस्‍था के दृष्‍टिगत पुनरीक्षित वेतन संरचना में वेतन बैण्‍ड-3 एवं ग्रेड वेतन रू. 5400 से प्रारम्‍भ होने वाली सेवाओं के ऐसे पदधारक जिन्‍हें समयमान वेतनमान की पूर्व व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत 15 प्रतिशत पदों के सापेक्ष सेलेक्‍शन ग्रेड के रूप में ग्रेड वेतन रू.8700 वैयक्‍तिक रूप से अनुमन्‍य हो चुका है, उन्‍हें सेवा में प्रवेश के पद से तीन वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन के समतुल्‍य लाभ अनुमन्‍य हो जाने के कारण ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत आगे कोई लाभ देय नहीं होगा।

3.    किसी संवर्ग में वरिष्‍ठ कर्मचारी की पदोन्‍नति के फलस्‍वरूप अनुमन्‍य ग्रेड वेतन, कनिष्‍ठ कर्मचारी को ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था में प्राप्‍त वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन से निम्‍न होने की स्‍थिति का निराकरण किये जाने हेतु सम्‍बन्‍धित वरिष्‍ठ कार्मिक को निम्‍नानुसार लाभ अनुमन्‍य कराया जायेगा:-

''    संवर्ग में किसी कर्मचारी को पदोन्‍नति पर प्राप्‍त होने वाला वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत किसी कनिष्‍ठ कर्मचारी को प्राप्‍त हो रहे वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन से निम्‍न होने की स्‍थिति में, वरिष्‍ठ कार्मिक को कनिष्‍ठ के समान विततीय स्‍तरोन्‍नयन, कनिष्‍ठ को देय तिथि से अनुमन्‍य कराया जायेगा। उपर्युक्‍त लाभ सम्‍बन्‍धित वरिष्‍ठ कार्मिक को तभी अनुमन्‍य होगा, जबकि वरिष्‍ठ तथा कनिष्‍ठ दोनों कार्मिकों की भर्ती का स्रोत एवं सेवा शतेंर् समान हों तथा यह भी कि वरिष्‍ठ कार्मिक की यदि पदोन्‍नति न हुई होती तो वह निम्‍न पद पर कनिष्‍ठ कार्मिक को ए.सी.पी. के अन्‍तर्गत वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन की अनुमन्‍यता की तिथि से अथवा उसके पूर्व की तिथि से ए.सी.पी. के अन्‍तर्गत वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन के लिए अर्ह होता।''

4.    उपर्युक्‍त के सम्‍बन्‍ध में आपसे यह कहने का निदेश हुआ है कि कृपया उपर्युक्‍त शासनादेश दिनांक 04 मई, 2010 के प्रस्‍तर-1(7) एवं स्‍पष्‍टीकरण शासनादेश दिनांक 29 सितम्‍बर, 2010 की तालिका के बिन्‍दु-2 की व्‍यवस्‍था को उपर्युक्‍त सीमा तक संशोधित मानते हुए सम्‍बन्‍धित कार्मिकों को समयमान वेतनमान/ ए.सी.पी. की व्‍यवस्‍था के अन्‍तर्गत उपरोक्‍तानुसार वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन की स्‍वीकृति दी जाय और यदि पूर्व में वित्‍तीय स्‍तरोन्‍नयन की अनुमन्‍यता में कोई त्रुटि हुई हो, तो उसके निराकरण की कार्यवाही तद्नुसार सुनिश्‍चित की जाय।

भवदीया,

(वृन्‍दा सरूप)

प्रमुख सचिव।